कोरोनावायरस महामारी ग्लोबल क्राइसिस है, समय है 'हिंदू या मुस्लिम' नहीं बल्कि इंसान बनने काः शोएब अख्तर

नेशनल स्पोर्ट्स टाइम्स।  कोरोनावायरस महामारी ने पूरी दुनिया में कहर मचा रखा है। ज्यादातर देश इसकी चपेट में आ चुके हैं, इस बीच पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज शोएब अख्तर ने अपने फैन्स को एक खास मेसेज दिया है। अख्तर ने कहा है कि यह ऐसा समय है, जिसमें कोई भी हिंदू या मुस्लिम, अमीर या गरीब होकर नहीं बल्कि इंसान की तरह सोचे। उन्होंने लोगों से अपील की है कि लोग धर्म और स्टेटस को छोड़कर एक-दूसरे की मदद कर इस मुश्किल घड़ी से बाहर निकलें।
अपने यूट्यूब चैनल पर पोस्ट किए गए वीडियो में अख्तर ने कहा कि पूरी दुनिया के लोग अथॉरिटी द्वारा जारी की गईं गाइडलाइन्स का पालन करें। अख्तर ने इस वीडियो में कहा, 'पूरी दुनिया में मैं अपने फैन्स से आग्रह करता हूं कि कोरोनावायरस ग्लोबल क्राइसिस है और हमें इसके बारे में ग्लोबल फोर्स की तरह सोचना होगा, हमें धर्म से ऊपर उठकर इसके बारे में सोचना होगा। लॉकडाउन इस लिए किया जा रहा है, जिससे कि वायरस फैले नहीं। अगर आप बाहर निकल रहे हैं और लोगों से मिल रहे हैं तो इससे कोई मदद नहीं मिलेगी।'
अख्तर ने आगे कहा, 'अगर आप जरूरत से ज्यादा सामान एकत्रित कर रहे हैं, तो रोज काम करने वालों के बारे में सोचिए। स्टोर्स खाली हो रहे हैं। इसकी क्या गारंटी है कि आप तीन महीने बाद जिंदा रहेंगे? आप रोज काम करने वालों के बारे में सोचिए, वो अपने परिवार का पेट कैसे पालेंगे। यह समय इंसान बनने का है, ना कि हिंदी या मुस्लिम। सब सबकी मदद करें, फंड एकत्रित करें और इस तरह जरूरत से ज्यादा सामान ना लें।' उन्होंने आगे कहा, 'अमीर लोग फिर भी बच जाएंगे, लेकिन गरीब आदमी कैसे बचेगा? भरोसा रखिए, हम सभी जानवर की तरह जी रहे हैं, इंसान की तरह जिएं। कोशिश करें मददगार बनने की, सामान जरूरत से ज्यादा ना लें, यह समय है कि हम सब एक-दूसरे का ख्याल रखें। हम सब को इंसान की तरह रहना होगा।' इससे पहले कोरोनावायरस संक्रमण को लेकर शोएब अख्तर चीनी लोगों पर भड़क चुके हैं।


 


-साभार हिंदुस्तान